योगी सरकार की “रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना” के तहत हजारों मेधावी छात्राओं को फ्री स्कूटी देने की तैयारी तेज।
पहली बार वोट करने जा रही युवा बेटियों और उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने पर खास फोकस।
योगी सरकार यूपी की 50 हजार से ज्यादा मेधावी बेटियों को फ्री स्कूटी देने की तैयारी में है। योजना के लिए 400 करोड़ का बजट तय हो चुका है। जानिए किसे मिलेगा फायदा और क्या होंगी शर्तें।
पेट्रोल या इलेक्ट्रिक स्कूटी?
सरकार का फैसला है कि पेट्रोल वाली स्कूटी की बजाय इलेक्ट्रिक स्कूटी दी जाए। इससे लड़कियों का रोजाना कॉलेज आने-जाने का खर्च कम होगा और परिवार पर बोझ भी नहीं पड़ेगा। हालांकि कुछ अधिकारियों का कहना है कि गांवों में चार्जिंग की समस्या आ सकती है। फिर भी सरकार ईवी स्कूटी पर ही जोर दे रही है।
मजबूत और टिकाऊ स्कूटी का फोकस
सरकार सस्ती लेकिन मजबूत स्कूटी खरीदना चाहती है ताकि छात्राएं लंबे समय तक उसे आसानी से चला सकें। Hero, TVS, Ola और Bajaj जैसी कंपनियां बड़े ऑर्डर की उम्मीद में टेंडर का इंतजार कर रही हैं।
किसे मिलेगी फ्री स्कूटी?
उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय के अनुसार दो मुख्य नियम बनाए जा रहे हैं:शैक्षणिक योग्यता: यूपी बोर्ड, CBSE या ICSE की टॉपर छात्राएं या फिर ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन में 75% से ज्यादा अंक पाने वाली लड़कियां।
आय सीमा: अमीर परिवारों की बजाय गरीब और मध्यम वर्ग की बेटियों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके लिए परिवार की आय की सीमा तय की जा रही है।
क्यों लैप्स हुआ था बजट?
भाजपा के 2022 संकल्प पत्र में ‘रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी वितरण योजना’ का वादा किया गया था। पिछले वित्तीय वर्ष में 400 करोड़ रुपये रखे गए थे, लेकिन नियमों पर सहमति न बनने से बजट लैप्स हो गया। अब नए बजट में फिर से 400 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
टैबलेट-स्मार्टफोन भी बांटे जाएंगे
स्कूटी के साथ ही सरकार ‘विवेकानंद छात्र सशक्तिकरण योजना’ के तहत 25 लाख से ज्यादा नए टैबलेट और स्मार्टफोन बांटने की तैयारी कर रही है। अब तक 60 लाख से ज्यादा डिवाइस बांटे जा चुके हैं।
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